पेप्सिको ने प्रोटीन और फाइबर पर ज़ोर देने वाले नए प्रेजेंटेशन के साथ क्वेकर® की न्यूट्रिशनल रेप्युटेशन को और मज़बूत किया है

कोलकाता – स्टाफ संवाददाता

भारत में नाश्ते की टेबल पर बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है और क्वैकर® ने भी इस बदलाव के साथ कदम मिला लिया है। अब लोग इस बात को लेकर ज्यादा सतर्क और जागरूक हुए हैं कि वे क्या खा रहे हैं। लोगों ने प्रोटीन, फाइबर और न्यूट्रिशन के मामले में स्पष्ट विकल्पों को प्राथमिकता देना शुरू कर दिया है। इसे देखते हुए दुनिया के नंबर 1 ओट्स ब्रांड1 क्वैकर® ने बड़े ब्रांड रिफ्रेश की ओर कदम बढ़ाया है। इस कदम के तहत ब्रांड ने अपने ओट्स के फायदों को सामने लाते हुए ग्राहकों को आसानी से और ज्यादा स्मार्ट तरीके से ब्रेकफास्ट के लिए सही प्रोडक्ट चुनने में मदद की है। ब्रांड का यह शिफ्ट भारतीय ग्राहकों के व्यवहार में हो रहे बदलाव की गहरी समझ पर आधारित है। मिंटेल के मुताबिक, भारत में फूड एवं ड्रिंक को चुनते समय उपभोक्ता हाई प्रोटीन (46 प्रतिशत) और हाई फाइबर कंटेंट (32 प्रतिशत) को बहुत ज्यादा महत्व दे रहे हैं।2 विशेषरूप से युवा उपभोक्ताओं के बीच हाई प्रोटीन और हाई फाइबर वाले विकल्पों की बढ़ती चाहत से एक ऐसी पीढ़ी सामने आ रही है, जिसे ज्यादा जानकारी है, जो ज्यादा सोच समझकर कदम उठाती है और किसी ब्रांड को चुनने को लेकर ज्यादा सतर्क है।
क्वैकर® को हमेशा से भरोसेमंद न्यूट्रिशन के लिए जाना जाता है। प्रोटीन और फाइबर इसके प्रोडक्ट्स का अहम हिस्सा हैं। इस रिफ्रेश के साथ ब्रांड इन फायदों को हाइलाइट कर रहा है, जिससे उपभोक्ताओं के लिए न्यूट्रिशन का चुनाव आसान हो जाएगा। इस रिफ्रेश में सभी कंज्यूमर टचपॉइंट, विज्ञापनों, पैकेजिंग, कंटेंट और एंगेजमेंट में 12 ग्राम नैचुरल प्रोटीन3 और 33 प्रतिशत फाइबर4 को हाइलाइट करते हुए ब्रांड के एक्सपीरियंस को निखारा गया है। यह पहल नाश्ते से एक कदम आगे बढ़ते हुए आधुनिक भारत के लिए सार्थक पोषण के तौर पर पहचान बनाने की क्वैकर® की कोशिश का हिस्सा है।
अपने विचार साझा करते हुए पेप्सिको इंडिया की चीफ मार्केटिंग ऑफिसर – फूड्स, साक्षी वर्मा मेनन ने कहा, ‘पेप्सिको में हम ग्राहकों और उनकी पसंद को लेकर अपनी गहरी समझ के आधार पर इनोवेशन करते हैं। भारतीय उपभोक्ता न्यूट्रिशन को लेकर बहुत सतर्क हो रहे हैं और ऐसे में हमारा फोकस एक ऐसा पोर्टफोलियो तैयार करना है, जो न केवल उनकी बदलती लाइफस्टाइल के अनुरूप हो, बल्कि उन्हें वह स्वाद एवं भरोसा भी दे, जिसकी हमसे उम्मीद की जाती है। क्वैकर® रिफ्रेश इस प्रयास को ही दिखाने वाला है। मजबूत आरएंडडी और उपभोक्ताओं से मिली जानकारी के आधार पर यह कदम उठाया गया है, जिसमें पोषण से भरपूर विकल्पों को हाइलाइट किया गया है, जिससे इन तक पहुंचना आसान, सुगम और आनंद से भरपूर बने। नाश्ते के नजरिये से देखें तो प्रोटीन और फाइबर जरूरी इनग्रेडिएंट्स होते हैं और बैलेंस्ड न्यूट्रिशन को समझने, चुनने और अपनाने की प्रक्रिया को आसान बनाते हुए क्वैकर® ब्रेकफास्ट कैटेगरी में अपनी भूमिका को मजबूत बना रहा है।’
पेप्सिको इंडिया के मार्केटिंग डायरेक्टर – क्वैकर®, श्रीराम अय्यर ने कहा, ‘145 वर्षों से अधिक समय से क्वैकर® भरोसेमंद और संपूर्ण पोषण के लिए जाना जाता है, जिसने उपभोक्ताओं की जरूरत के हिसाब से खुद को बदला है। आज के समय में सूचना तक पहुंचना नहीं, बल्कि उस तक पहुंचने का सही तरीका खोजना चुनौती है। फूड स्पेस में कभी भी इतनी भीड़ नहीं रही है। आज प्रतिस्पर्धी दावों और विरोधाभासी सुझावों के कारण उपभोक्ता कई दिशाओं में भटक जाते हैं। इसी स्थिति को देखते हुए क्वैकर® ने कदम बढ़ाया है। यह रिफ्रेश बैलेंस्ड नैचुरल प्रोटीन और फाइबर के साथ आपकी सुबह को बेहतर तरीके से निखारने पर ज्यादा सटीक और स्पष्ट फोकस के साथ अपने भरोसे की विरासत को सामने लाता है। हमारा लक्ष्य नाश्ते को सिर्फ एक दिनचर्या की तरह नहीं बल्कि जानकारी के साथ सार्थक तरीके से दिन की शुरुआत के तौर पर पहचान दिलाना है। इसी सोच को साकार करते हुए हमारे नवीनतम कैंपेन में प्रोटीन और फाइबर से संबंधित बातचीत को ज्यादा सरल बनाया गया है। इसमें टीवीसी के माध्यम से अनावश्यक बातों को छांटते हुए बैलेंस्ड न्यूट्रिशन के लिए क्वैकर® को स्पष्ट एवं भरोसेमंद विकल्प के रूप में मजबूती से पेश किया गया है।’
टीवीसी के बारे में
इस कैंपेन को एक टीवीसी के माध्यम से साकार किया गया है। यह टीवीसी उस सच्चाई को सामने लाता है, जिसका सामना आज के समय में स्वास्थ्य के प्रति सचेत बहुत से भारतीय कर रहे हैं। वह सच्चाई है सूचनाओं की अधिकता और विरोधाभासी दावे; विशेषरूप से इस सवाल को लेकर कि ज्यादा महत्वपूर्ण क्या है, प्रोटीन या फाइबर? टीवीसी में एक मॉडर्न किचन में एक महिला ढेर सारी विरोधाभासी डिजिटल सलाह में उलझी होती है, जिसमें हर आवाज पिछली आवाज से ज्यादा तेज और ज्यादा मजबूती के साथ आ रही है। तभी एक शांत पहल में सभी आवाजें धीमी पड़ जाती हैं और उस महिला के सामने हर सवाल का एक जवाब आता है – एक कटोरी क्वैकर® ओट्स। तभी पति बोलता है: ‘सब लोग प्रोटीन और फाइबर की लड़ाई पर अटके हुए हैं, पर क्वैकर® ओट्स में तो दोनों हैं।’ प्रोटीन और फाइबर, दोनों जरूरी न्यूट्रिशन देते हुए क्वैकर® हर शोर को खत्म कर देता है। न कोई बहस, न कोई समझौता। सिर्फ एक मजबूत न्यू्ट्रिशन, जिसमें दोनों मिलते हैं।
लियो – साउथ एशिया के चीफ क्रिएटिव ऑफिसर विक्रम पांडे ने कहा, ‘एल्गोरिदम के हिसाब से चलने वाली आज की दुनिया में हर जानकारी एक सर्च की दूरी पर है। लेकिन इससे कई बार बहुत सी विरोधाभासी बातों की भूलभुलैया बन जाती है, क्योंकि इंस्टाग्राम पर अनगिनत सलाह मौजूद हैं, जो आपको ज्यादा भ्रमित कर देती हैं। क्वैकर को लेकर बनाई गई हमारी नई फिल्म इसी चिंता को एक कहानी की तरह दिखाती है और नाश्ते में प्रोटीन या फाइबर में से कोई एक चुनने की हर दिन की जद्दोजहद को सामने आती है। साथ ही यह फिल्म इस जद्दोजहद को साधारण, प्रासंगिक वास्तविक तरीके से दूर कर देती है।’
एजेंसी क्रेडिट्स:
क्रिएटिव एजेंसी: लियो इंडिया
क्रिएटिव टीम: विक्रम पांडे, अर्जुन जेटली, सिद्धार्थ मेनन, सौरव दासगुप्ता, सुप्रिया जैन, नबील रहमान, प्रिंस धीमन, उर्वशी शर्मा
स्ट्रेटजी लीड्स: प्रीतीश मुखर्जी, गौरव डेरेबेल, अक्षिता अरोड़ा, अनिका पांडे
अकाउंट मैनेजमेंट: नेहा कपूर, अनमोल सिंह, निकिता भंडारी, सुजॉय चौधरी, मौसमी देवी
फिल्म डिपार्टमेंट: जिग्नेश मारू, सागर भानुशाली
प्रोडक्शन हाउस: किस्से फिल्म्स

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